Sign up and get 10% Discount on your first Order | Free Delivery available on Orders above Rs. 999
to checkout total: ₹ 0.00
गौ आधारित अर्थव्यवस्था की आवश्यकता क्यों?
Your first article

जिस देश में वैदिक काल से ही गाय के अर्थ को समझा जाता था| भगवान श्रीराम, भगवान श्रीकृष्ण इत्यादि के समय को गौवंश के स्वर्णिम युग के रूप में जाना जाता हो, उस देश में गौवंश की वर्तमान स्थिति देखकर ये स्पष्ट प्रतीत होता है कि हमारे संस्कारों में कितना विकार उत्पन्न हो गया है| गोपाष्टमी अथवा श्राद्ध के दिनों में हम ढूंढ - ढूंढकर गाय को पकवान खिलाते हैं और शेष वर्ष भर उसे डंडा अथवा कचरा खाने हेतु असहाय छोड़ देते हैं, यह हमारी निकृष्टता का अनुपम उदाहरण है| हमारा समाज तो विकृत हुआ ही है पर उससे अधिक विकृत हुई है हमारी अर्थव्यवस्था, जहाँ पूर्व में हमारी संपूर्ण अर्थव्यवस्था गौवंश आधारित होती थी वहीं अब पापियों ने गौमांस की अर्थव्यवस्था को खड़ा कर दिया है और यही वो सबसे प्रमुख व स्पष्ट कारण है जिसकी वजह से गौहत्या पर आजतक पूर्ण प्रतिबंध न लग सका| यही वो कारण है जिसके कारण लगभग 100 करोड़ लोगों की भावना को दरकिनार कर दिया जाता है और पापियों का घिनौना कृत्य निरंतर चलता रहता है|

हम और हमारे साथियों ने गौरक्षकों के दर्द, पीड़ा को भी देखा है| गौरक्षा हेतु हुए विभिन्न आंदोलनों को भी देखा है पर सारे प्रयास परिणाम रहित रह जाते हैं, विफल हो जाते हैं इसका दुःख मन को खिन्न - भिन्न कर देता है| ये सब बार - बार देखने के उपरांत, बहुत चिंतन करने के उपरांत, कुछ प्रबुद्ध लोगों से वार्ता करने के उपरांत ये समझ में आया कि सारा खेल अर्थ का है| जब तक कि गौ गव्य आधारित, कृषि आधारित, बल आधारित अर्थव्यवस्था थी तब तक गौवंश सुरक्षित था, उसको परिवार का भाग माना जाता था, अब दुष्टों ने इसके विपरीत गौमांस की अर्थव्यवस्था को खड़ा कर दिया इसलिए प्रतिदिन हज़ारों - लाखों गायों की हत्या कर दी जाती है| इससे स्पष्ट हो जाता है कि जब तक हम पुनः गौ गव्य आधारित अर्थव्यवस्था को खड़ा नहीं करेंगे तब तक गौवध पर रोक लगवा पाना असंभव सा ही है| जिस प्रकार गौभक्षकों ने गौमांस की अर्थव्यवस्था को खड़ा किया है हम उसके विपरीत और उससे विशाल पंचगव्य उत्पादों, औषधियों, कृषि इत्यादि की अर्थव्यवस्था खड़ी करेंगे| हमारे दैनिक जीवन की लगभग सभी आवश्यताएं गाय से पूर्ण हो सकती हैं जैसे - अन्न, दूध, ईधन, सौंदर्य प्रसाधन, पूजा सामग्री, औषधियां, मकान बनाने इत्यादि का मैटेरियल सब कुछ| बहुत से लोग विभिन्न क्षेत्रों में बहुत अच्छा कार्य कर रहे हैं, हम सबको मिलके ऐसे लोगों की सहायता करनी चाहिए, धन इत्यादि से नहीं बल्कि उनके द्वारा बनाये जा रहे उत्पादों का क्रय करके| बहुत से बुद्धिजीवी लोग ये मानते हैं कि आने वाला समय गौमाता का है, अगली अर्थव्यवस्था गाय की अर्थव्यवस्था है और हमारा ऐसा विश्वास है कि हम और आप मिलकर यदि ये छोटे - छोटे प्रयास करते रहे और गौ आधारित उत्पादकों के उत्पाद क्रय करके उन्हें प्रोत्साहित करते रहे तो निश्चित ही गौ आधारित अर्थव्यवस्था शीघ्र ही विशाल रूप से न मात्र खड़ी होगी बल्कि यहाँ से फिर एक स्वर्णिम युग की शुरुआत होगी|

जो इस पुनीत कार्य में सच्ची श्रद्धा के साथ लगे हुए हैं उन सभी को नमन,  जय गौमाता|

 

up
Shop is in view mode
View full version of the site
Copyright © 2020 All rights reserved by ShopForCows.com - Ecommerce software : Zencommerce.in
Ecommerce Software